कसोल में नहाते समय डूबा पंजाब का पर्यटक, अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
कसोल में नहाते समय डूबा पंजाब का पर्यटक, अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित किया

Post by : Himachal Bureau

July 3, 2026 1:21 p.m. 249

हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल कसोल से एक दुखद घटना सामने आई है। यहां एक जलधारा में डूबने से पंजाब के एक 21 वर्षीय पर्यटक की मौत हो गई। हादसे के बाद इलाके में शोक का माहौल है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। साथ ही जिला प्रशासन ने मानसून के मौसम में पर्यटकों और स्थानीय लोगों से नदियों, नालों और तेज बहाव वाले पानी से दूर रहने की अपील की है।

दोस्तों के साथ घूमने आया था पर्यटक

पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान पंजाब के कपूरथला निवासी 21 वर्षीय अंशतेज के रूप में हुई है। वह अपने कुछ दोस्तों के साथ कुल्लू जिले की खूबसूरत पार्वती घाटी घूमने आया था। यात्रा के दौरान सभी लोग कसोल के पास जैनला क्षेत्र पहुंचे, जहां यह हादसा हुआ।

नहाते समय तेज बहाव में बह गया युवक

जानकारी के मुताबिक, मंगलवार को अंशतेज एक स्थानीय जलधारा में नहाने के लिए उतरा था। इसी दौरान पानी का बहाव अचानक तेज हो गया और वह गहरे पानी में चला गया। उसके साथ मौजूद दोस्तों ने उसे बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन तेज बहाव के कारण वे सफल नहीं हो सके। इसके बाद उन्होंने आसपास मौजूद लोगों से मदद मांगी।

अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित किया

स्थानीय लोगों की मदद से युवक को पानी से बाहर निकाला गया और तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। हालांकि, अस्पताल में जांच के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना से उसके साथ आए दोस्तों और परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।

Read Also: चंबा में रावी नदी हादसा: नहाते समय युवक की डूबने से दर्दनाक मौत

पुलिस ने शुरू की जांच

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और हादसे से जुड़े सभी तथ्यों की जांच की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।

मानसून में बढ़ जाता है नदियों और नालों का खतरा

इस हादसे के बाद पुलिस और जिला प्रशासन ने लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। अधिकारियों का कहना है कि मानसून के दौरान नदियों, नालों और जलधाराओं में पानी का स्तर अचानक बढ़ सकता है। तेज बहाव और गहराई का सही अनुमान लगाना मुश्किल होता है, जिससे ऐसे हादसों का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।

कुल्लू जिला प्रशासन ने पर्यटकों और स्थानीय लोगों से अपील की है कि वे बारिश के मौसम में किसी भी नदी, नाले, झरने या तेज बहाव वाली जलधारा के पास जाने से बचें। प्रशासन का कहना है कि थोड़ी सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो सकती है। खासकर पर्यटन स्थलों पर फोटो खिंचवाने या नहाने के लिए पानी में उतरना बेहद जोखिम भरा हो सकता है।

पर्यटकों से सतर्क रहने की अपील

हर साल मानसून के दौरान हिमाचल प्रदेश के कई पर्यटन स्थलों पर ऐसे हादसे सामने आते हैं। इसलिए प्रशासन लगातार लोगों से मौसम की चेतावनियों का पालन करने और सुरक्षा नियमों का ध्यान रखने की अपील करता है। यदि किसी स्थान पर तेज बहाव या खतरे की चेतावनी दी गई हो, तो उसे गंभीरता से लेना जरूरी है।

कसोल जैसे पर्यटन स्थल अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए प्रसिद्ध हैं, लेकिन बारिश के मौसम में यहां की नदियां और जलधाराएं काफी खतरनाक हो जाती हैं। प्रशासन का कहना है कि पर्यटक केवल सुरक्षित स्थानों पर ही जाएं और किसी भी तरह का जोखिम उठाने से बचें। सतर्कता और सावधानी ही ऐसे हादसों से बचने का सबसे प्रभावी तरीका है।

#हिमाचल प्रदेश #ब्रेकिंग न्यूज़ #ताज़ा खबरें #भारत समाचार #भारतीय खबरें #कुल्लू
अनुच्छेद
प्रायोजित
ट्रेंडिंग खबरें
भारत-इंग्लैंड वनडे सीरीज का आगाज आज, जीत के इरादे से उतरेगी टीम इंडिया लगातार हार के बाद भारतीय टीम पर बीसीसीआई की नजर, कप्तान और कोच की होगी समीक्षा कांगड़ा के शाहपुर में पुलिस थाने के बाहर गिरे बुजुर्ग, अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित हिमाचल में बारिश का कहर, 310 सड़कें बंद, कई घरों पर भूस्खलन का खतरा HP Police Constable Recruitment: हिमाचल पुलिस भर्ती में डोप टेस्ट अनिवार्य, चार चरणों में होगा चयन हिमाचल हाईकोर्ट ने पूर्व डीजीपी को दी राहत, कारोबारी की शिकायत पर चल रही कार्यवाही हुई समाप्त कांगड़ा में तीन दिन से लापता युवक का मिला शव, पुलिस हर पहलू से कर रही जांच चेन्नई में पहली बार गूंजेगा बिग बैश लीग का रोमांच, 12 दिसंबर को होगा मुकाबला