Post by : Khushi Joshi
हिमाचल प्रदेश में हाल ही में आई प्राकृतिक आपदा से निपटने के लिए केंद्र सरकार द्वारा घोषित राहत पैकेज को लेकर सुक्खू सरकार और मोदी सरकार के बीच विवाद गहरा गया है। मंडी जिले में आयोजित जन संकल्प रैली की तैयारियों का जायजा लेने पहुंचे राज्य के राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने इस मुद्दे पर जोरदार टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि आपदा राहत पैकेज हिमाचल का हक है और केंद्र सरकार का यह कोई एहसान नहीं है।
नेगी ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के लोगों ने जो कठिनाई झेली है, उसके लिए यह राहत पैकेज एक प्राकृतिक अधिकार है, जो सरकार को मिलना चाहिए था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया यात्रा के दौरान घोषित 1500 करोड़ रुपये के पैकेज की अदायगी नहीं की गई, जो कि यह दर्शाता है कि केंद्र सरकार हिमाचल प्रदेश के साथ भेदभाव कर रही है।
मंत्री ने यह भी कहा कि केंद्रीय एजेंसियों द्वारा किए गए नुकसान के आकलन में 6000 करोड़ रुपये से अधिक की हानि का अनुमान लगाया गया था, लेकिन अब तक केंद्र सरकार ने इस नुकसान के लिए एक भी रुपया नहीं दिया है। यह भी सरकार के प्रति एक तरह का छलावा है, जिसमें प्रभावितों से उम्मीदें तो जगाई गईं, लेकिन मदद देने में कोई कदम नहीं उठाए गए।
नेगी ने आगे कहा कि पिछले तीन वर्षों में सुक्खू सरकार ने न केवल प्राकृतिक आपदाओं से निपटा, बल्कि राजनीतिक संकटों का भी सामना किया। विशेष रूप से ऑपरेशन लोटस को नकारते हुए, सुक्खू सरकार ने छह कांग्रेसियों को सबक भी सिखाया। अब 11 दिसंबर को मंडी में आयोजित जन संकल्प सम्मेलन के माध्यम से सरकार अपनी तीन साल की उपलब्धियों का खाका पेश करेगी और आगामी दो वर्षों के लिए अपना विजन साझा करेगी।
साथ ही, मंत्री ने यह भी बताया कि इस सम्मेलन की तैयारी में आठ करोड़ रुपये का खर्च हो रहा है, लेकिन इस राशि से आपदा प्रभावितों की अधिक सहायता नहीं हो सकेगी।
रैली की सुरक्षा के मद्देनजर, मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 650 पुलिसकर्मियों की सुरक्षा घेरे में रहेंगे। डीजीपी अशोक तिवारी ने भी मंडी का दौरा किया और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। इस सम्मेलन के आयोजन स्थल पड्डल मैदान को पूरी तरह से सुरक्षा के दृष्टिकोण से तैयार किया गया है, जहां कैमरों के माध्यम से हर गतिविधि पर निगरानी रखी जाएगी। इसके अलावा, शहर के प्रमुख रास्तों पर ट्रैफिक को नियंत्रित किया गया है और पार्किंग की व्यवस्था को भी व्यवस्थित किया गया है।
मुख्यमंत्री ने यह भी जानकारी दी कि आने वाली बसों के लिए विभिन्न पिकअप और ड्रॉप प्वाइंट्स तय किए गए हैं, ताकि सम्मेलन में आने वाले लोग आसानी से यात्रा कर सकें।
यह सम्मेलन न केवल सुक्खू सरकार के तीन साल की उपलब्धियों का जश्न है, बल्कि यह आगामी योजनाओं और नीतियों का खाका भी पेश करेगा, जो हिमाचल प्रदेश के विकास को नई दिशा देंगे।
मोनिका ठाकुर ने CSIR NET JRF में हासिल की ऑल इंडिया 65वीं रै...
मंडी की मोनिका ठाकुर ने CSIR NET JRF में ऑल इंडिया 65वीं रैंक हासिल कर सराज और हिमाचल का नाम रोशन कि
1 सितंबर 1972 को कांगड़ा से अलग बना था हमीरपुर जिला, जानें इ...
Hamirpur स्थापना दिवस पर जानें जिले का इतिहास, वीरभूमि की पहचान, कटोच वंश और 1 सितंबर 1972 को जिला ब
बिजली महादेव मंदिर में चला सफाई अभियान, 2 क्विंटल प्लास्टिक ...
कुल्लू के बिजली महादेव मंदिर में Rotary Club और रोवर्स-रेंजर्स ने सफाई अभियान चलाया। करीब 2 क्विंटल
हिमाचल में बढ़े स्वाइन फ्लू के मामले, इन लक्षणों को न करें न...
हिमाचल में Swine Flu के मामले बढ़े। जानें H1N1 Symptoms, बचाव, इलाज और कब डॉक्टर से संपर्क करना जरूर
नेपाल में फंसे हिमाचलियों की जानकारी दें, प्रशासन ने जारी कि...
Nepal Flood के बीच हमीरपुर प्रशासन अलर्ट, नेपाल गए परिजनों से संपर्क न होने पर तुरंत अधिकारियों को स
मणिमहेश यात्रा के पहले दिन 253 श्रद्धालु हुए रवाना, 20 सितंब...
Manimahesh Yatra 2026 के पहले दिन 253 श्रद्धालु रवाना हुए। Heli Taxi सेवा भी शुरू, 20 सितंबर तक चलेग
हिमाचल में स्वाइन फ्लू की दस्तक, इन लक्षणों को न करें नजरअंद...
हिमाचल में Swine Flu के 4 मामले मिले। जानें H1N1 Virus के लक्षण, बचाव के उपाय और कब लेनी चाहिए डॉक्ट