Author : Rajesh Vyas
कारगिल विजय दिवस के अवसर पर धर्मशाला स्थित उपायुक्त कार्यालय परिसर में एक श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में सहायक आयुक्त (उपायुक्त) विवेक चौहान के नेतृत्व में अधिकारियों और कर्मचारियों ने देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता की रक्षा के लिए सदैव समर्पित रहने की शपथ ली। इस दौरान उपस्थित सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने कारगिल युद्ध के अमर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए उनके अदम्य साहस, वीरता और सर्वोच्च बलिदान को नमन किया। कार्यक्रम में Kargil Vijay Diwas, Indian Army, Kangra News, Himachal Pradesh, Dharamshala News और Kargil War जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा की गई।
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों और कर्मचारियों ने राष्ट्र की सुरक्षा, एकता और अखंडता को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का संकल्प लिया। शपथ के माध्यम से सभी ने यह विश्वास व्यक्त किया कि देश की सुरक्षा और सम्मान बनाए रखने के लिए हर नागरिक की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। कार्यक्रम का उद्देश्य कारगिल युद्ध में शहीद हुए वीर सैनिकों के त्याग और बलिदान को स्मरण करते हुए राष्ट्रभक्ति की भावना को और मजबूत करना था।
इस अवसर पर सहायक आयुक्त (उपायुक्त) विवेक चौहान ने कहा कि कारगिल विजय दिवस भारतीय सेना के अदम्य साहस, पराक्रम और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वर्ष 1999 में भारतीय सैनिकों ने अत्यंत कठिन और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में अद्वितीय वीरता का परिचय देते हुए दुश्मनों को परास्त किया और देश की सीमाओं की सफलतापूर्वक रक्षा की। उन्होंने कहा कि कारगिल के अमर शहीदों का सर्वोच्च बलिदान देशवासियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा और उनका त्याग आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्र सेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा।
विवेक चौहान ने कहा कि देश की सीमाओं की रक्षा के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले वीर सैनिकों का ऋण कभी चुकाया नहीं जा सकता। भारतीय सेना के जवान विपरीत परिस्थितियों में भी अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा के साथ देश की रक्षा करते हैं। कारगिल विजय दिवस केवल एक ऐतिहासिक जीत का प्रतीक नहीं है, बल्कि यह उन वीर सैनिकों के अद्वितीय शौर्य और समर्पण का भी स्मरण कराता है, जिन्होंने मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया।
Read Also: रोजगार की तलाश में राजस्थान गया सिरमौर का युवक मृत मिला, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
उन्होंने कहा कि जिला कांगड़ा का देश की सशस्त्र सेनाओं में योगदान अत्यंत गौरवपूर्ण और प्रेरणादायक रहा है। कांगड़ा की वीर भूमि से हजारों युवा भारतीय सेना, नौसेना, वायुसेना तथा अर्द्धसैनिक बलों में अपनी सेवाएं देकर देश की सुरक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांगड़ा की यह गौरवशाली परंपरा आने वाली पीढ़ियों को भी राष्ट्रहित, देशभक्ति और सेवा के मार्ग पर आगे बढ़ने के लिए निरंतर प्रेरित करती रहेगी। कार्यक्रम का समापन राष्ट्र के वीर शहीदों के प्रति श्रद्धांजलि और राष्ट्र सेवा के संकल्प के साथ हुआ।
मोनिका ठाकुर ने CSIR NET JRF में हासिल की ऑल इंडिया 65वीं रै...
मंडी की मोनिका ठाकुर ने CSIR NET JRF में ऑल इंडिया 65वीं रैंक हासिल कर सराज और हिमाचल का नाम रोशन कि
1 सितंबर 1972 को कांगड़ा से अलग बना था हमीरपुर जिला, जानें इ...
Hamirpur स्थापना दिवस पर जानें जिले का इतिहास, वीरभूमि की पहचान, कटोच वंश और 1 सितंबर 1972 को जिला ब
बिजली महादेव मंदिर में चला सफाई अभियान, 2 क्विंटल प्लास्टिक ...
कुल्लू के बिजली महादेव मंदिर में Rotary Club और रोवर्स-रेंजर्स ने सफाई अभियान चलाया। करीब 2 क्विंटल
हिमाचल में बढ़े स्वाइन फ्लू के मामले, इन लक्षणों को न करें न...
हिमाचल में Swine Flu के मामले बढ़े। जानें H1N1 Symptoms, बचाव, इलाज और कब डॉक्टर से संपर्क करना जरूर
नेपाल में फंसे हिमाचलियों की जानकारी दें, प्रशासन ने जारी कि...
Nepal Flood के बीच हमीरपुर प्रशासन अलर्ट, नेपाल गए परिजनों से संपर्क न होने पर तुरंत अधिकारियों को स
मणिमहेश यात्रा के पहले दिन 253 श्रद्धालु हुए रवाना, 20 सितंब...
Manimahesh Yatra 2026 के पहले दिन 253 श्रद्धालु रवाना हुए। Heli Taxi सेवा भी शुरू, 20 सितंबर तक चलेग
हिमाचल में स्वाइन फ्लू की दस्तक, इन लक्षणों को न करें नजरअंद...
हिमाचल में Swine Flu के 4 मामले मिले। जानें H1N1 Virus के लक्षण, बचाव के उपाय और कब लेनी चाहिए डॉक्ट