सीनियर सिटीजन काउंसिल चुनाव में तनाव, हमीरपुर में प्रक्रिया बीच में रोकी गई
सीनियर सिटीजन काउंसिल चुनाव में तनाव, हमीरपुर में प्रक्रिया बीच में रोकी गई

Author : Rajneesh Kapil Hamirpur

March 23, 2026 1:02 p.m. 147

हमीरपुर में लंबे समय से समाज सेवा और कल्याण कार्यों में सक्रिय सीनियर सिटीजन काउंसिल के चुनाव के दौरान अचानक गहमा-गहमी का माहौल बन गया, जिसके बाद चुनाव को स्थगित करना पड़ा। यह स्थिति न केवल इस संस्था के लिए बल्कि समाज सेवा से जुड़े अन्य संगठनों और लोगों के लिए भी चिंता का विषय बन गई है। इस तरह की घटना को सेवा क्षेत्र के लिए अच्छा संकेत नहीं माना जा रहा है।

यह संस्था कई वर्षों से हमीरपुर के सबसे बड़े अस्पताल में मरीजों और उनके साथ आए लोगों को दिन में तीन समय भोजन उपलब्ध करवा रही है। इसके अलावा जरूरतमंद लोगों को रात में सोने के लिए बिस्तर की सुविधा भी मुफ्त में दी जाती है। संस्था समाज सेवा के अन्य क्षेत्रों में भी लगातार काम कर रही है और लोगों के बीच इसकी एक मजबूत पहचान बनी हुई है।

समय के साथ संस्था के पास काफी संपत्ति और धन भी एकत्र हुआ है, जिसमें जिले के कई वरिष्ठ नागरिकों ने स्वेच्छा से योगदान दिया है। ऐसे में यह सवाल भी उठ रहा है कि कहीं इस संपत्ति और धन को लेकर ही चुनाव के दौरान विवाद की स्थिति तो नहीं बनी। इस तरह की गहमा-गहमी ने लोगों के मन में कई तरह की शंकाएं पैदा कर दी हैं।

सीनियर सिटीजन काउंसिल को न केवल हमीरपुर में बल्कि पूरे प्रदेश में एक प्रतिष्ठित संस्था के रूप में देखा जाता है। लेकिन हाल ही में चुनाव के दौरान जो प्रशासनिक और राजनीतिक दखल देखने को मिला, वह सेवा क्षेत्र के लिए ठीक नहीं माना जा रहा है। इससे समाज सेवा करने वाले लोगों का मनोबल भी प्रभावित हो सकता है और वे हतोत्साहित हो सकते हैं।

यह संस्था वर्षों से ऐसे काम कर रही है, जो कई बार सरकारें भी नहीं कर पाईं। इसलिए सरकार, प्रशासन और राजनीतिक दलों को चाहिए कि वे इसमें अनावश्यक हस्तक्षेप करने के बजाय इस संस्था को प्रोत्साहित करें, ताकि यह सेवा कार्य लगातार चलता रहे और जरूरतमंद लोगों को लाभ मिलता रहे।

निस्वार्थ सेवा के लिए किसी भी तरह के प्रशासनिक हस्तक्षेप की जरूरत नहीं होती और सीनियर सिटीजन काउंसिल ने यह बात वर्षों से साबित की है। इस तरह की घटनाएं संस्था की छवि को नुकसान पहुंचाती हैं और समाज में गलत संदेश देती हैं, जो सेवा के कार्यों के लिए ठीक नहीं है।

इस पूरे मामले को दुर्भाग्यपूर्ण माना जा रहा है। संस्था के सभी सदस्यों से अपील की गई है कि वे राजनीति और निजी स्वार्थ से ऊपर उठकर सोचें और ऐसे लोगों को चुनें, जो सच में सेवा भावना से काम करें। मिल-जुलकर काम करने से ही संस्था मजबूत होगी और समाज सेवा का काम आगे बढ़ेगा।

#हिमाचल प्रदेश #ताज़ा खबरें #भारत समाचार #हमीरपुर
अनुच्छेद
प्रायोजित
ट्रेंडिंग खबरें
सीनियर सिटीजन काउंसिल चुनाव में तनाव, हमीरपुर में प्रक्रिया बीच में रोकी गई हमीरपुर में सीबीएसई काडर के लिए परीक्षा आयोजित, 5 केंद्रों पर 1563 शिक्षकों ने दी परीक्षा अंतराष्ट्रीय फॉरेस्ट दिवस पर मंडी में पौधारोपण, जंगल बचाने का संदेश हिमाचल में गर्मी के बीच अलर्ट, 26 मार्च से बारिश और बर्फबारी के आसार मुख्यमंत्री सुक्खू ने बजट सत्र में पेश की हिमाचल के विकास और रोजगार की योजनाएं औद्योगिक क्षेत्र बद्दी में नाली में मिला युवक का शव, पुलिस ने जांच शुरू की डलहौजी में सड़क हादसा: खाई में गिरी कार, दो युवकों की मौत, चार गंभीर रूप से घायल पेट्रोल और हाई स्पीड डीजल पर नया उपकर, अनाथ बच्चों और विधवाओं के लिए मदद की योजना