वरिष्ठ नागरिक संगोष्ठी में एसडीएम ने परिवार और समाज में बुजुर्गों के सम्मान की अहमियत बताई
वरिष्ठ नागरिक संगोष्ठी में एसडीएम ने परिवार और समाज में बुजुर्गों के सम्मान की अहमियत बताई

Author : Rajneesh Kapil Hamirpur

Feb. 27, 2026 3:15 p.m. 2425

हमीरपुर के जिला कल्याण अधिकारी कार्यालय के सम्मेलन हॉल में वीरवार को वरिष्ठ नागरिकों के साथ इंटर-जनरेशनल संबंधों और उनसे संबंधित विभिन्न समस्याओं पर जागरूकता बढ़ाने हेतु एक विस्तृत संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में शहर के वरिष्ठ नागरिकों, विभागीय अधिकारियों-कर्मचारियों, विद्यार्थियों और आईटीआई के प्रशिक्षणार्थियों ने भाग लिया।

संगोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए एसडीएम संजीत सिंह ने कहा कि बच्चों को बचपन से ही बुजुर्गों के प्रति सम्मान और सेवा के संस्कार दिए जाने चाहिए। उन्होंने कहा कि यही संस्कार परिवार और समाज में अंतर-पीढ़ीगत संबंधों को सुदृढ़ बनाने में मदद करते हैं। वरिष्ठ नागरिकों के अनुभव और जीवन ज्ञान से युवा पीढ़ी बहुत कुछ सीख सकती है। इसलिए, प्रत्येक परिवार में बुजुर्गों के साथ समय बिताना और उनकी समस्याओं को समझना जरूरी है।

संगोष्ठी में एएसपी राजेश कुमार ने वरिष्ठ नागरिकों को साईबर अपराधों से बचाव और डिजिटल सुरक्षा के उपायों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वृद्ध व्यक्तियों को ऑनलाइन ठगी और साइबर फ्रॉड से सुरक्षित रहने के लिए विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। जिला कल्याण अधिकारी चमन लाल शर्मा ने इस अवसर पर मुख्य अतिथि, वरिष्ठ नागरिकों, अधिकारियों और युवाओं का स्वागत किया। उन्होंने अंतर-पीढ़ीगत संबंधों के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि विभाग की ओर से संचालित की जा रही कई योजनाएं वृद्ध व्यक्तियों की सुविधा, सुरक्षा और आर्थिक सहायता के लिए तैयार की गई हैं।

जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अजय अत्री ने बढ़ती उम्र में आमतौर पर होने वाली शारीरिक और मानसिक समस्याओं का विवरण दिया और इनसे निपटने के उपाय सुझाए। अन्य विभागों के अधिकारियों ने भी वरिष्ठ नागरिकों को उनके अधिकार, सुविधा योजनाएं और विभिन्न सरकारी लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की। संगोष्ठी में कई सेवानिवृत्त अधिकारी और अन्य वरिष्ठ नागरिकों ने अपने जीवन के अनुभव और सीख साझा की। उन्होंने कहा कि समाज और परिवार में बुजुर्गों का सम्मान होना चाहिए और उनकी सलाह और मार्गदर्शन से युवा पीढ़ी को दिशा मिलती है।

इस संगोष्ठी का उद्देश्य केवल बुजुर्गों को सम्मान देने का संदेश नहीं था, बल्कि युवा पीढ़ी में सामाजिक जिम्मेदारी, परिवार के प्रति सम्मान और सेवा भाव को बढ़ावा देना भी था। एसडीएम संजीत सिंह ने विशेष रूप से कहा कि बुजुर्गों के अनुभवों और मार्गदर्शन को अपनाने से परिवार और समाज दोनों मजबूत बनेंगे। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने इस पहल की सराहना की और इसे समाज के लिए उपयोगी बताया। वरिष्ठ नागरिकों और अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि इस तरह के संवाद और संगोष्ठियों से वृद्ध व्यक्तियों और युवा पीढ़ी के बीच संबंध और मजबूत होंगे।

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