शिमला की प्रतिबंधित सड़कों पर वाहन पास शुल्क घटा, लोगों को राहत
शिमला की प्रतिबंधित सड़कों पर वाहन पास शुल्क घटा, लोगों को राहत

Post by : Himachal Bureau

July 30, 2026 10:33 a.m. 137

हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में प्रतिबंधित सड़कों का इस्तेमाल करने वाले निजी वाहन मालिकों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। राज्य सरकार ने Shimla News के तहत शिमला मार्ग उपयोगकर्ता और पैदल यात्री (सार्वजनिक सुरक्षा और सुविधा) संशोधन अध्यादेश, 2026 लागू कर दिया है। इस संशोधन के बाद प्रतिबंधित और सील की गई सड़कों पर निजी वाहनों के लिए जारी होने वाले पास की फीस में कटौती कर दी गई है। सरकार के इस फैसले का उद्देश्य शिमला शहर में रहने वाले लोगों को आर्थिक राहत देना और वाहन पास व्यवस्था को अधिक सुविधाजनक बनाना है। नई व्यवस्था के तहत अब वाहन मालिकों को पहले की तुलना में कम शुल्क देना होगा, जिससे स्थानीय निवासियों को सीधा फायदा मिलेगा।

वार्षिक पास शुल्क में की गई कटौती

संशोधित नियमों के अनुसार सील की गई सड़कों पर निजी वाहनों के लिए वार्षिक पास शुल्क को 15 हजार रुपये से घटाकर 8 हजार रुपये कर दिया गया है। वहीं प्रतिबंधित सड़कों के लिए वार्षिक पास शुल्क 5 हजार रुपये से कम करके 3 हजार रुपये कर दिया गया है। इस बदलाव के बाद उन लोगों को राहत मिलेगी, जिन्हें रोजाना अपने निजी वाहनों से इन प्रतिबंधित मार्गों का उपयोग करना पड़ता है। पहले अधिक शुल्क होने के कारण कई वाहन मालिकों को आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ता था।

छह महीने के पास की भी सुविधा शुरू

सरकार ने वाहन मालिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए छह महीने की अवधि के लिए पास लेने का विकल्प भी शुरू किया है। नई व्यवस्था के तहत सील सड़क के लिए छह महीने के पास की फीस 4,500 रुपये तय की गई है, जबकि प्रतिबंधित सड़क के लिए छह महीने का पास 2,000 रुपये में जारी किया जाएगा। इससे उन लोगों को विशेष फायदा होगा, जिन्हें पूरे साल के लिए पास की आवश्यकता नहीं होती। अब वाहन मालिक अपनी जरूरत के अनुसार छह महीने या एक साल की अवधि का पास ले सकेंगे।

पहले नहीं थी छह महीने के परमिट की व्यवस्था

इससे पहले निजी वाहन मालिकों को केवल वार्षिक पास की सुविधा मिलती थी और उन्हें पूरा शुल्क जमा करना पड़ता था। पांच या छह महीने की अवधि के लिए पास लेने का कोई विकल्प उपलब्ध नहीं था। नए संशोधन के बाद वाहन मालिकों को अधिक विकल्प मिलेंगे और वे अपनी जरूरत के अनुसार पास अवधि का चयन कर पाएंगे। सरकार का मानना है कि इस बदलाव से स्थानीय लोगों को सुविधा मिलेगी और शिमला शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर तरीके से संचालित करने में मदद मिलेगी।

Read Also: 15 अगस्त को खुले रहेंगे हिमाचल के सभी सरकारी स्कूल, निर्देश जारी

शिमला में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने की कोशिश

शिमला एक प्रमुख पर्यटन स्थल होने के साथ-साथ प्रदेश की राजधानी भी है। यहां बढ़ते वाहनों की संख्या को देखते हुए कई सड़कों पर यातायात नियंत्रण के लिए प्रतिबंध लगाए गए हैं। इन मार्गों पर केवल अनुमति प्राप्त वाहनों को ही प्रवेश दिया जाता है। सरकार द्वारा पास शुल्क में कटौती का फैसला स्थानीय निवासियों की मांगों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। इससे आम लोगों को राहत मिलने के साथ-साथ प्रशासन और जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होने की उम्मीद है। नए नियम लागू होने के बाद निजी वाहन मालिक अब कम शुल्क में अपनी जरूरत के अनुसार पास प्राप्त कर सकेंगे। यह कदम शिमला के निवासियों के लिए सुविधा और आर्थिक राहत दोनों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

#हिमाचल प्रदेश #ब्रेकिंग न्यूज़ #ताज़ा खबरें #भारत समाचार #भारतीय खबरें
अनुच्छेद
प्रायोजित
ट्रेंडिंग खबरें
मणिमहेश यात्रा 2026: श्रद्धालुओं के लिए ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य गुरु पूर्णिमा 2026: गुरु महिमा, आस्था और भारतीय संस्कृति का महान पर्व कॉमनवेल्थ गेम्स में सर्वेश कुशारे ने हाई जंप में जीता रजत पदक लगातार छठे दिन बंद रही माता वैष्णो देवी यात्रा, श्रद्धालुओं का इंतजार जारी हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, किन्नर कैलाश यात्रा जारी रखने के आदेश 26 जुलाई से शुरू होगा अंतर्राष्ट्रीय मिंजर मेला, राज्यपाल करेंगे शुभारंभ हमीरपुर के समर्थ अत्री का एशियन आइस स्केटिंग ट्रॉफी में चयन दादा से पोती तक कायम रही निशानेबाजी की विरासत, प्रदेश का बढ़ाया मान