Post by : Himachal Bureau
हिमाचल प्रदेश में मानसून के सक्रिय होते ही कई क्षेत्रों में भारी बारिश का दौर जारी है। कांगड़ा जिले से सामने आए ताजा दृश्य लोगों को सावधानी बरतने का संदेश दे रहे हैं। गर्मियों के दिनों में लगभग सूखा रहने वाला एक छोटा नाला कुछ ही मिनटों की तेज बारिश के बाद तेज बहाव वाले सैलाब में बदल गया। पानी का स्तर इतनी तेजी से बढ़ा कि आसपास मौजूद लोगों में दहशत का माहौल बन गया। इस घटना ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया कि पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम का मिजाज अचानक बदल सकता है और थोड़ी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। इस दौरान कांगड़ा, भारी बारिश, मानसून, फ्लैश फ्लड, मौसम विभाग से जुड़े घटनाक्रम चर्चा का विषय बने हुए हैं। लगातार हो रही वर्षा के कारण छोटे-छोटे नालों और खड्डों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे आसपास के क्षेत्रों में खतरा बढ़ गया है।
प्रशासन ने लोगों और पर्यटकों से अपील की है कि बारिश के दौरान किसी भी नदी, नाले या खड्ड के पास जाने से बचें। पहाड़ी इलाकों में पानी का बहाव अचानक तेज हो सकता है और देखते ही देखते सामान्य दिखने वाला नाला भी खतरनाक रूप ले सकता है। ऐसे में किसी भी प्रकार का जोखिम उठाना जानलेवा साबित हो सकता है। अधिकारियों ने यह भी कहा है कि मौसम संबंधी सभी आधिकारिक सूचनाओं और एडवाइजरी का पालन किया जाए। यदि अत्यंत आवश्यक न हो तो खराब मौसम के दौरान यात्रा करने से बचें। स्थानीय प्रशासन लगातार संवेदनशील क्षेत्रों पर नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर राहत एवं बचाव दलों को भी सतर्क रखा गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के इस दौर में लोगों को अधिक सतर्क रहने की आवश्यकता है। प्रशासन ने नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक सूचना के आधार पर ही यात्रा या अन्य गतिविधियों की योजना बनाएं।
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