Author : Yadvinder Kumar, Mandi
लेकिन बिलासपुर ज़िले के घुमारवीं उपमंडल के गांव त्यूंन ख़ास में रहने वाले कमल देव का परिवार आज भी इन सुविधाओं से वंचित है। बरसात के दौरान घर की दीवार गिरने के बाद प्रशासन की तरफ से केवल एक त्रिपाल दिया गया, जिसके सहारे कमल देव की पत्नी लीला देवी, उनकी छह बेटियाँ, बुज़ुर्ग मां और खुद कमल देव एक टेंट और उधार के कमरे में गुजर–बसर कर रहे हैं। कमल देव की कमर और पैर में दिक्कत के कारण उनका इलाज आयुर्वेदिक पंचकर्मा अस्पताल बिलासपुर में चल रहा है और परिवार आर्थिक रूप से बिल्कुल टूट चुका है। इस वीडियो में हम आपको लीला देवी और कमल देव की ज़ुबानी पूरा सच दिखाएंगे और यह सवाल उठाएंगे कि जब बिलासपुर में सैकड़ों परिवारों को करोड़ों की आपदा राहत दी जा चुकी है, तब भी यह परिवार सिस्टम से कैसे छूट गया।
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