Post by : Himachal Bureau
मणिमहेश यात्रा 2026 को सफल, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न करवाने के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले में होने वाली प्रसिद्ध धार्मिक यात्रा को लेकर जिला प्रशासन की ओर से यात्रा मार्ग पर व्यवस्थाओं का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाने के साथ-साथ मणिमहेश घाटी के प्राकृतिक वातावरण को सुरक्षित रखना है।
उपायुक्त मुकेश रेपसवाल ने बुधवार को अधिकारियों की टीम के साथ हड़सर गांव से लेकर डल झील स्थित पवित्र मणिमहेश स्थल तक यात्रा मार्ग का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध करवाए जाने वाले ठहराव स्थलों, पेयजल व्यवस्था, शौचालय सुविधा, सुरक्षा इंतजाम और साफ-सफाई व्यवस्था की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि यात्रा शुरू होने से पहले सभी व्यवस्थाओं को समय पर पूरा किया जाए, ताकि देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
प्रशासन ने इस बार यात्रा के दौरान पर्यावरण संरक्षण को लेकर सख्त कदम उठाने का फैसला लिया है। यात्रा मार्ग पर दुकानों का निरीक्षण करते हुए उपायुक्त ने दुकानदारों को निर्देश दिए कि घाटी की प्राकृतिक सुंदरता और जैव विविधता को बचाने के लिए प्रशासन का सहयोग करें। यात्रा मार्ग पर छोटी क्षमता वाली पानी की बोतलों और नमकीन जैसे छोटे पैकेटों की बिक्री पर रोक लगाई गई है। प्रशासन का कहना है कि इन वस्तुओं से बड़ी मात्रा में प्लास्टिक कचरा फैलता है, जिससे मणिमहेश क्षेत्र के संवेदनशील पर्यावरण पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। इसके अलावा यात्रा क्षेत्र में बीड़ी, सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर भी पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। प्रशासन ने दुकानदारों से नियमों का पालन करने की अपील की है।
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने धनछो के समीप दुनाली में पैदल पुल और सड़क मरम्मत कार्यों को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। इसके अलावा सुंदरसी से ऊपर ग्लेशियर प्वाइंट तक मार्ग को बेहतर बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि यात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए किए जा रहे सभी निर्माण कार्य समय पर पूरे होने चाहिए। साथ ही सुरक्षा व्यवस्था, स्वास्थ्य सुविधाओं, पेयजल और कूड़ा प्रबंधन पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
Read Also: कांगड़ा में डिजिटल फसल सर्वे शुरू, किसानों से सहयोग की अपील
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस वर्ष मणिमहेश यात्रा में शामिल होने वाले सभी श्रद्धालुओं के लिए पंजीकरण अनिवार्य रहेगा। बिना पंजीकरण के किसी भी श्रद्धालु को यात्रा करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उपायुक्त ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि यात्रा शुरू करने से पहले अपना पंजीकरण जरूर करवाएं और मौसम की जानकारी लेने के बाद ही यात्रा पर निकलें। उन्होंने कहा कि ऊंचाई वाले क्षेत्र और मौसम में अचानक बदलाव को देखते हुए श्रद्धालुओं की सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण है। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे यात्रा के दौरान स्वच्छता बनाए रखें, पर्यावरण नियमों का पालन करें और सुरक्षित तरीके से धार्मिक यात्रा पूरी करें।
मणिमहेश यात्रा 2026: पंजीकरण जरूरी, प्लास्टिक और तंबाकू पर र...
Manimahesh Yatra 2026 में श्रद्धालुओं के लिए Registration अनिवार्य, छोटे प्लास्टिक पैकेट और बोतलों प
मां आशापुरी मंदिर का इतिहास, पांडवों से जुड़ी हैं कई मान्यता...
Maa Ashapuri Temple: पांडव काल से जुड़ा मंदिर इतिहा
चंबा मिंजर मेला समापन समारोह में CM सुक्खू करेंगे अध्यक्षता,...
चंबा मिंजर मेला 2026 के समापन समारोह में CM Sukhu शामिल होंगे, मेडिकल कॉलेज अस्पताल भवन समेत कई विका
किन्नर कैलाश यात्रा शुरू, पहले दिन 115 श्रद्धालुओं ने किया प...
Himachal News: Kinner Kailash Yatra शुरू, पहले दिन 115 श्रद्धालु रवाना। Online Registration जारी, Fi
मणिमहेश यात्रा 2026: श्रद्धालुओं के लिए ऑनलाइन पंजीकरण अनिवा...
Manimahesh Yatra 2026 में Online Registration, Chamba News, Yatra Update, Pilgrims Safety के लिए नई
गुरु पूर्णिमा 2026: गुरु महिमा, आस्था और भारतीय संस्कृति का ...
Guru Purnima 2026 पर जानें Guru Purnima, Guru Purnima 2026, Vyas Purnima, Guru Importance, Indian Cu
कॉमनवेल्थ गेम्स में सर्वेश कुशारे ने हाई जंप में जीता रजत पद...
Commonwealth Games, Sarvesh Kushare, High Jump, Silver Medal, India Athletics में भारत को मिला रजत प