Author : Satish Kumar
सोलन जिले के पट्टा महलोग क्षेत्र के बडैहरी गांव में वर्ष 2023 की प्राकृतिक आपदा के बाद से एक प्रमुख रास्ता आज तक अपनी बदहाली से बाहर नहीं निकल पाया है। दिला राम जी के घर तक पहुंचने वाला यह रास्ता स्थानीय लोगों के लिए रोजाना परेशानी का कारण बना हुआ है। आपदा के दौरान रास्ते को भारी नुकसान पहुंचा था। तेज बहाव और प्राकृतिक आपदा के कारण मार्ग का बड़ा हिस्सा खराब हो गया था। इसके बाद ग्रामीणों को उम्मीद थी कि जल्द ही इसकी मरम्मत कराकर आवागमन को सुचारू किया जाएगा, लेकिन करीब तीन साल बीत जाने के बावजूद स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ।
Patta Mahlog News के अनुसार रास्ते की खराब हालत का सबसे ज्यादा असर स्थानीय ग्रामीणों पर पड़ रहा है। लोगों को रोजमर्रा के कामों के लिए इसी मार्ग से गुजरना पड़ता है। रास्ता खराब होने के कारण पैदल चलने वालों को संभलकर आगे बढ़ना पड़ता है। बरसात के दिनों में स्थिति और गंभीर हो जाती है। कीचड़ और फिसलन के कारण बुजुर्गों, बच्चों और महिलाओं के लिए यहां से गुजरना जोखिम भरा हो जाता है। Rural Road Repair नहीं होने से दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि रास्ते की समस्या को लेकर कई बार संबंधित स्तर पर आवाज उठाई जा चुकी है। ग्रामीणों ने नवनिर्वाचित पंचायत से आग्रह किया है कि इस समस्या को प्राथमिकता के आधार पर लिया जाए और जल्द निर्माण कार्य शुरू करवाया जाए। Solan News के तहत सामने आई यह समस्या ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं की स्थिति को भी उजागर करती है। लोगों का कहना है कि केवल आश्वासन से उनकी परेशानी दूर नहीं होगी, बल्कि मौके पर काम शुरू होना जरूरी है।
मानसून के दौरान Himachal Pradesh Road की खराब स्थिति के कारण लोगों की मुश्किलें और बढ़ जाती हैं। पानी भरने तथा मिट्टी खिसकने से रास्ता और अधिक खतरनाक हो सकता है। ग्रामीणों ने मांग की है कि मरम्मत का काम जल्द शुरू कर रास्ते को सुरक्षित बनाया जाए। Patta Mahlog Road को ठीक होने से स्थानीय लोगों को रोजाना की परेशानी से राहत मिलेगी और आवागमन भी सुरक्षित हो सकेगा।
तीन साल से लंबित इस समस्या को लेकर अब ग्रामीणों की उम्मीद नवनिर्वाचित पंचायत पर टिकी है। लोगों ने जनहित को ध्यान में रखते हुए जल्द कार्रवाई की मांग की है, ताकि प्राकृतिक आपदा के बाद से चली आ रही परेशानी का स्थायी समाधान हो सके।
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